Latest Updates
-
चेहरे पर पड़े चेचक के दाग हटाने के 5 घरेलू उपाय, जिद्दी गड्ढों और माता के निशान से पाएं छुटकारा -
क्यों मनाया जाता है World Rat Day? सबसे पहले किस देश में पैदा हुए चूहे, कैसे पूरी दुनिया में पहुंचे? -
International Carrot Day 2026: 4 अप्रैल को ही क्यों मनाया जाता है विश्व गाजर दिवस? जानें रोचक कहानी -
Bridal Blouse Designs: लेटेस्ट ब्राइडल ब्लाउज बैक डिजाइन, डोरी से लेकर हैवी एम्ब्रॉयडरी तक, देखें 7 पैटर्न्स -
कंडोम की कीमतें क्यों बढ़ रही हैं? जानें ईरान-इजरायल युद्ध का असर और कपल्स के लिए सेफ्टी टिप्स -
Musibat ki Dua: दुख, तंगी और गम से निजात की इस्लामी दुआएं, इनके जरिए होती है अल्लाह से सीधी फरियाद -
कहीं आप प्लास्टिक राइस तो नहीं खा रहे आप? इन 5 आसान तरीकों से करें असली-नकली की पहचान -
Good Friday 2026: 'सब पूरा हुआ'... इन खास संदेशों और कोट्स के साथ अपनों को भेजें गुड फ्राइडे की शुभकामनाएं -
Aaj Ka Rashifal 3 April 2026: आज इन 5 राशियों की चमकेगी किस्मत, जानें अपनी राशि का हाल -
गुड फ्राइडे पर घर पर बनाएं रुई जैसे सॉफ्ट 'हॉट क्रॉस बन्स', यहां देखें सबसे आसान रेसिपी
Bhai Dooj 2023 Confirm Date: जानें 14 या 15 नवंबर किस दिन मनाया जायेगा भाई दूज, देखें शुभ मुहूर्त
Bhai Dooj 2023 Date: पंचांग के अनुसार, हर साल कार्तिक महीने के शुक्ल पक्ष की द्वितीया तिथि पर भाई दूज का त्योहार मनाया जाता है। रक्षाबंधन के अलावा भाई दूज भी एक ऐसा पर्व है जो भाई और बहन के खूबसूरत रिश्ते को समर्पित है।
इस दिन बहनें अपने भाई की तरक्की, खुशहाली और लंबी उम्र के लिए पूजा करती हैं। भाई दूज को यम द्वितीया के नाम से भी जाना जाता है। यह दिवाली के दूसरे दिन मनाया जाता है। आइये इस लेख के माध्यम से जानते हैं साल 2023 में भाई दूज कब मनाया जायेगा।

भाई दूज 2023 की तारीख
इस वर्ष भाई दूज का पर्व 15 नंवबर, 2023 बुधवार के दिन मनाया जाएगा। कार्तिक मास की द्वितीया तिथि का शुभारंभ 14 नंवबर को दोपहर 2 बजकर 36 मिनट पर होगा और इसका समापन 15 नंवबर को 1 बजकर 47 मिनट पर होगा। इस हिसाब से दोनों ही दिन भाई दूज का पर्व मनाया जा सकता है। 14 नंवबर को दोपहर के बाद से आप टीका कर सकते हैं।
भाई दूज पूजा की थाली में क्या क्या रखें?
पूजा की थाली में टीका, अक्षत, सूखा नारियल (गोला), मिठाई, कलावा, दीया, धूप और रुमाल जरूर रखें।

भाई दूज पूजा और टीका करने की विधि
भाई दूज के दिन भाई अपनी बहनों से टीका करवाते हैं। बहनें अपने भाई के माथे पर टीका लगाती हैं और फिर आरती उतारती हैं। इसके बाद भाई के हाथ में कलावा बांधें। भाई का मुंह मीठा करवाएं। इस दिन भाई को सूखा नारियल देने का विधान है। मन ही मन भाई की दीर्घायु की कामना करें।
साथ में भाई दूज की कथा पढ़ें अथवा सुनें। इस मंत्र का जाप भी करें-'गंगा पूजे यमुना को यमी पूजे यमराज को, सुभद्रा पूजा कृष्ण को, गंगा यमुना नीर बहे मेरे भाई की आयु बढ़े।'
ऐसी मान्यता है कि यमराज इसी तिथि पर अपनी बहन यमुना के घर गए थे। वहां उनकी बहन ने उनकी खूब सेवा की, टीका किया और भोजन कराया। यमुना ने अपने भाई यम से हर साल इस दिन उनसे भेंट करने आने का वचन लिया था। यही वजह है कि भाई दूज को यम द्वितीया कहा जाता है।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications











