Latest Updates
-
Aaj Ka Rashifal 4 April 2026: शनिवार को इन 5 राशियों पर होगी धनवर्षा, जानें अपनी राशि का भाग्य -
चेहरे पर पड़े चेचक के दाग हटाने के 5 घरेलू उपाय, जिद्दी गड्ढों और माता के निशान से पाएं छुटकारा -
क्यों मनाया जाता है World Rat Day? सबसे पहले किस देश में पैदा हुए चूहे, कैसे पूरी दुनिया में पहुंचे? -
International Carrot Day 2026: 4 अप्रैल को ही क्यों मनाया जाता है विश्व गाजर दिवस? जानें रोचक कहानी -
Bridal Blouse Designs: लेटेस्ट ब्राइडल ब्लाउज बैक डिजाइन, डोरी से लेकर हैवी एम्ब्रॉयडरी तक, देखें 7 पैटर्न्स -
कंडोम की कीमतें क्यों बढ़ रही हैं? जानें ईरान-इजरायल युद्ध का असर और कपल्स के लिए सेफ्टी टिप्स -
Musibat ki Dua: दुख, तंगी और गम से निजात की इस्लामी दुआएं, इनके जरिए होती है अल्लाह से सीधी फरियाद -
कहीं आप प्लास्टिक राइस तो नहीं खा रहे आप? इन 5 आसान तरीकों से करें असली-नकली की पहचान -
Good Friday 2026: 'सब पूरा हुआ'... इन खास संदेशों और कोट्स के साथ अपनों को भेजें गुड फ्राइडे की शुभकामनाएं -
Aaj Ka Rashifal 3 April 2026: आज इन 5 राशियों की चमकेगी किस्मत, जानें अपनी राशि का हाल
Guru Purnima 2023 Gifts: इस गुरु पूर्णिमा पर अपने गुरुजनों-टीचर्स को दें गिफ्ट्स, यहां देखें गिफ्ट आईडिया
Guru Purnima 2023 Gifts: मनुष्य के जीवन में गुरु का स्थान कोई नहीं ले सकता है। एक गुरु अपने शिष्य को उस से भी बेहतर समझता है। वह जानता है कि उसका शिष्य किन गुणों पर काम करके जिंदगी में सफल हो सकता है। यही वजह है कि गुरु को भगवान से भी श्रेष्ठ माना गया है।
गुरु पूर्णिमा का पर्व महाभारत, भगवद गीता, चार वेदों और अन्य धार्मिक ग्रंथों के रचयिता महर्षि वेद व्यास की जयंती के रूप में मनाया जाता है। माना जाता है कि आषाढ़ माह की पूर्णिमा तिथि पर वेद व्यास जी का जन्म हुआ था और इस दिन को व्यास पूर्णिमा भी कहा जाता है।

इसी दिन भगवान शिव ने सप्तर्षियों (अपने शिष्यों) को योग के सात बुनियादी रूपों के बारे में बताया था। इसी तिथि पर भगवान बुद्ध ने अपना पहला उपदेश दिया था और यही वो दिन था जब चौबीसवें तीर्थंकर भगवान महावीर ने गौतम स्वामी को अपना पहला शिष्य बनाया था।
गुरु पूर्णिमा एक ऐसा पर्व है जब गुरु-शिष्य के पावन रिश्ते का उत्सव मनाया जाता है। इस दिन पूरे विधि विधान से गुरुजनों का पूजन किया जाता है। उनकी मूर्तियों की पूजा की जाती है और फूल माला चढ़ाई जाती है।
मौजूदा समय में छात्र भी अपने गुरुओं के प्रति सम्मान प्रकट करते हैं और उनके द्वारा दिए गए योगदान के लिए आभार स्वरूप उपहार भी देते हैं। यदि इस गुरु पूर्णिमा पर आप भी अपने पसंदीदा शिक्षक कोई कोई गिफ्ट देना चाहते हैं तो यहां उनके राशि के अनुसार गिफ्ट आईडिया दिए गए हैं जो आपके काम आ सकती है।
मेष: 21 मार्च - 19 अप्रैल
मेष राशि के जातकों का स्वामी ग्रह मंगल है। ये अपना हर काम अत्यधिक जुनून और समर्पण के साथ करते हैं और इसी गुण की वजह से ये सर्वश्रेष्ठ शिक्षक कहलाते हैं। आपको अपने गुरु को लाल मूंगा तोहफे में देना चाहिए। इसके अलावा आप उनके पसंदीदा लेखक की पुस्तक उपहार में दे सकते हैं।
वृषभ: 20 अप्रैल - 20 मई
इनका स्वामी ग्रह है शुक्र। ये हमेशा नयी नयी जानकारी की तलाश में रहते हैं। इस गुरु पूर्णिमा पर आप अपने शिक्षक को चांदी से बनी कोई वस्तु दे सकते हैं। आप उन्हें चांदी की अंगूठी या शोपीस के बारे में सोच सकते हैं। इसके अलावा अगर वो यात्रा करने के शौक़ीन हैं तो आप उन्हें प्राचीन विरासत स्थलों की एक किताब भी दे सकते हैं ताकि उससे जुड़ी जानकारी वो सहेज सकें।
मिथुन: 21 मई - 20 जून
मिथुन राशि के स्वामी ग्रह बुध देव हैं और इस राशि के लोगों का आईक्यू बहुत ऊंचा होता है। इनके अंदर सहजता से बात करने का गुण होता है। आप उन्हें एक डिजिटल भाषा अनुवादक उपहार में दे सकते हैं जिसका इस्तेमाल वो किसी भी देश में यात्रा करने के दौरान कर सकते हैं। इसके अलावा आप उन्हें शॉल भी गिफ्ट कर सकते हैं।
कर्क: 21 जून - 22 जुलाई
इस राशि पर चंद्रमा का शासन है। जब कठिन परिस्थितियों में शांत रहने और समस्याओं को सुलझाने की बात आती है तो इस राशि के लोग श्रेष्ठ माने जाते हैं। आप उन्हें घर पर बनी मिठाई या कस्टमाइज्ड पेंसिल दे सकते हैं जो उन्हें हमेशा याद रहेगी।

सिंह: 23 जुलाई - 22 अगस्त
सिंह राशि के स्वामी ग्रह हैं सूर्य। इन्हें लाइमलाइट में रहना पसंद होता है। इनकी संगत में इंसान आशावादी और उत्साह पूर्ण रहता है। आप उन्हें कोई शानदार नेकपीस या आउटफिट गिफ्ट कर सकते हैं। अगर उन्हें घर की सजावट के सामान का शौक है तो आप उन्हें धातु से बनी कोई वस्तु दे सकते हैं।
कन्या: 23 अगस्त - 22 सितंबर
कन्या राशि के स्वामी हैं बुध देव। जब भी सीखने की बात आती है तो इनमें अत्यधिक जिज्ञासा पायी जाती है। आप उन्हें एक वायरलेस चार्जर वाला नाइटलैंप उपहार में दे सकते हैं। साथ ही आप उन्हें हीरे के आकार की कोई वस्तु उपहार में दे सकते हैं।
तुला: 23 सितंबर - 22 अक्टूबर
तुला राशि पर शुक्र का शासन है और इस वजह से ये सबसे अच्छे शिक्षकों में से एक माने जाते हैं। इन्हें मौज-मस्ती करना पसंद है और वे जानते हैं कि छात्रों को इसमें कैसे शामिल करना है। आप इन्हें तोहफे में कुछ अच्छा खाने-पीने का सामान या फिर स्कूल सप्लाई का सेट उपहार में दे सकते हैं।
वृश्चिक: 23 अक्टूबर - 21 नवंबर
इन पर मंगल ग्रह का शासन है। इस राशि के लोगों को जटिल विषय पसंद आते हैं। ये अपने छात्रों को मूल्यवान जीवन कौशल सिखाते हैं। आप उन्हें एक कीमती रूबी रत्न दे सकते हैं। वैसे उन्हें आप कस्टमाइज्ड पेंसिल भी उपहार में दे सकते हैं।
धनु: 22 नवंबर - 21 दिसंबर
धनु राशि का स्वामी ग्रह बृहस्पति है। अनुशासन एक ऐसी चीज़ है जिसे वे बेहद पसंद करते हैं। वे कक्षा को रोमांचक बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ते हैं। ऐसे में आप उन्हें एक कस्टमाइज्ड बैकपैक गिफ्ट कर सकते हैं। ये बैकपैक आप पीले रंग का खरीद सकते हैं।
मकर: 22 दिसंबर - 19 जनवरी
मकर राशि के स्वामी ग्रह शनि देव हैं। ये अपनी जिम्मेदारी का निर्वाह बड़ी ही संजीदगी से करते हैं। आप इन्हें कोई किताब या स्टेशनरी ऑर्गनाइज़र उपहार में दे सकते हैं जो वास्तव में उनके लिए उपयोगी साबित होगा।
कुंभ: 20 जनवरी - 18 फरवरी
कुंभ राशि का स्वामी ग्रह शनि देव हैं। इन्हें दूसरों को निर्देश देना अच्छा लगता है। ये समय आने पर जरूरतमंद छात्रों की मदद भी करते हैं। आप इन्हें कुछ ऐसी चीजें गिफ्ट कर सकते हैं जो इन्हें समाजसेवा और बच्चों की मदद के लिए और प्रेरित करे। आप इन्हें अपनी तरफ से बच्चों के लिए धनराशि दे सकते हैं।
मीन: 19 फरवरी - 20 मार्च
मीन राशि के स्वामी देव गुरु बृहस्पति हैं। ये काफी क्रिएटिव होते हैं। ये अपने छात्रों को भी लीक से हटकर सोचने के लिए प्रेरित करते हैं। आप उन्हें अपने हाथों से तैयार कोई पेंटिंग या आर्ट या सजावटी उपहार में दे सकते हैं।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।
Disclaimer: इस आर्टिकल में बताए गए रत्नों के लाभ पारंपरिक मान्यताओं और ज्योतिषीय अनुभवों पर आधारित हैं। हर इंसान पर इसका असर अलग हो सकता है। किसी भी रत्न को पहनने से पहले किसी योग्य ज्योतिषी या रत्न विशेषज्ञ से जरूर सलाह लें। यह लेख सिर्फ जानकारी देने के उद्देश्य से है और इसे प्रोफेशनल सलाह का विकल्प न समझें।



Click it and Unblock the Notifications











