Latest Updates
-
Varuthini Ekadashi 2026: 13 या 14 अप्रैल कब है वैशाख की पहली एकादशी? जानें भगवान विष्णु की पूजा विधि -
Easter Sunday 2026: क्यों मनाया जाता है 'ईस्टर संडे'? जानें ईसाई धर्म में इसका महत्व और इतिहास -
लाल, काली या नारंगी, सेहत के लिए कौन सी गाजर है सबसे ज्यादा पावरफुल? -
Delhi-NCR में भूकंप के झटको से कांपी धरती, क्या बाबा वेंगा की खौफनाक भविष्यवाणी सच होने वाली है? -
Aaj Ka Rashifal 4 April 2026: शनिवार को इन 5 राशियों पर होगी धनवर्षा, जानें अपनी राशि का भाग्य -
चेहरे पर पड़े चेचक के दाग हटाने के 5 घरेलू उपाय, जिद्दी गड्ढों और माता के निशान से पाएं छुटकारा -
क्यों मनाया जाता है World Rat Day? सबसे पहले किस देश में पैदा हुए चूहे, कैसे पूरी दुनिया में पहुंचे? -
International Carrot Day 2026: 4 अप्रैल को ही क्यों मनाया जाता है विश्व गाजर दिवस? जानें रोचक कहानी -
Bridal Blouse Designs: लेटेस्ट ब्राइडल ब्लाउज बैक डिजाइन, डोरी से लेकर हैवी एम्ब्रॉयडरी तक, देखें 7 पैटर्न्स -
कंडोम की कीमतें क्यों बढ़ रही हैं? जानें ईरान-इजरायल युद्ध का असर और कपल्स के लिए सेफ्टी टिप्स
मिलिए, इन भगवान से जिन्हें प्रसाद में पसंद है शराब
दुनिया में कई विचित्र चीजें होती हैं। लेकिन भारत के लोग जिन अंधविश्वासों और मान्यताओं को मानते है वो तो कल्पना से ही परे है। जब अपने आराध्य भगवान को खुश करने की बात आती है तो भक्त किसी भी हद तक जा सकते हैं। ऐसी ही एक भेंट जो भगवान को चढ़ाई जाती है वो है शराब, जी हाँ और इन देवता को भारत के शराबी भगवान कहा जाता है!
इनको खुश करने के लिए लोग शराब की बोतल लाते हैं। जानिए उस मंदिर के बारे में जहां के भगवान को भक्त लोग शराब अर्पित करते हैं!

ये है उज्जैन का मंदिर
काल भैरव मंदिर मध्य प्रदेश के उज्जैन में स्थित है। यह मंदिर आराध्य देव काल भैरव को समर्पित है, जो कि नगर के रखवाले देवता है। यह मंदिर बद्रसेमन द्वारा बनाया गया था, और हिंदुओं का प्राचीन रहस्यमयी मंदिर है।

भक्त यहाँ भगवान को शराब चढ़ाते हैं
भक्त मंदिर में शराब लाते हैं और उन्हें ‘प्रसाद' दिया जाता है। सबसे रोचक बात है कि यहाँ के भगवान शराब पीते हैं! जब आप यहाँ विजिट करेंगे तो देखेंगे कि रोड पर लोग सार्वजनिक रूप से शराब बेच रहे हैं।

भगवान के बारे में...
हिन्दुत्व में भैरव को शंकर भगवान का भयानक रूप माना जाता है। काल भैरव उन 8 भैरवों में सबसे मुख्य हैं, इसलिए उनकी पूजा की जाती है।

रिसर्च करने वालों को अभी तक इसका पता नहीं चला है!
जो पुजारी मंदिर में काम करते हैं वे बताते हैं कि यहाँ कई अध्ययनकर्ता और वैज्ञानिक आए जिन्होने पता लगाने की कोशिश की कि यह शराब कहाँ जाती है, लेकिन उन्हें इसका कोई उत्तर नहीं मिला, यह सब आज भी रहस्य है। आपके अनुसार यहाँ क्या होता है? कमेन्ट बॉक्स में लिखकर हमें बताएं।



Click it and Unblock the Notifications











